इस अभियान में कौन भाग ले सकता है?
देश-विदेश से कोई भी भक्त, किसी भी उम्र का, अपने हाथ से राम नाम लिखकर भाग ले सकता है। पूरा परिवार मिलकर भी लिख सकता है।
पोस्टकार्ड कहाँ मिलेगा?
11 अक्टूबर 2026 से चुने हुए मंदिरों, मॉल, बाज़ारों और प्रसिद्ध मंदिरों के पास की दुकानों पर। आप इसी पेज से A4 पोस्टकार्ड डाउनलोड करके घर पर भी प्रिंट कर सकते हैं।
लिखा हुआ पोस्टकार्ड कहाँ जमा करें?
जिस केंद्र से पोस्टकार्ड लिया, वहीं जमा कर दें, डाक से सालासर धाम के पते पर भेजें, या उसका स्कैन PDF (2 MB तक) यहाँ अपलोड करें।
मोबाइल नंबर और ईमेल सही क्यों लिखें?
आपका डिजिटल प्रमाण पत्र इसी ईमेल पर भेजा जाएगा और अभियान की जानकारी इसी मोबाइल पर दी जाएगी। गलत, नकली या अस्थायी नंबर/ईमेल वाली प्रविष्टि स्वीकार नहीं होती।
डिजिटल पत्र पर क्या लिख सकते हैं?
केवल भगवान के नाम: राम, श्री, जय, हनुमान, बालाजी (हिंदी या अंग्रेज़ी में), जैसे “जय श्री राम”। इनके अलावा कुछ और लिखा हो तो प्रविष्टि स्वीकार नहीं होगी।
पोस्टकार्ड नहीं मिला, तो क्या करूँ?
A4 पोस्टकार्ड डाउनलोड करके प्रिंट करें, या इसी पेज पर “राम नाम लिखें” से अपने फ़ोन या टैबलेट पर अपने हाथ से राम नाम लिखकर भेजें।
मेरे पत्र का क्या होगा?
सारे पत्र सालासर धाम में विशाल हनुमान गदा में स्थापित किए जाएँगे। स्वीकृत डिजिटल प्रविष्टियाँ और परिवार की फ़ोटो मेमोरी वॉल पर दिखेंगी।
क्या मुझे प्रमाण पत्र मिलेगा?
हाँ। डिजिटल रूप से राम नाम भेजने वालों को सहभागिता का डिजिटल प्रमाण पत्र उनके ईमेल पर भेजा जाएगा। पोस्टकार्ड से जुड़ने वालों के लिए विवरण WhatsApp हेल्पलाइन से जानें।
मेरी जानकारी कहाँ दिखेगी?
मेमोरी वॉल पर केवल आपका नाम, शहर, लिखा हुआ राम नाम और परिवार की फ़ोटो (यदि जोड़ी है) दिखती है। आपका मोबाइल नंबर, ईमेल और पता सार्वजनिक नहीं होते; इनका उपयोग केवल प्रमाण पत्र और अभियान की जानकारी भेजने के लिए होता है।
उद्घाटन कब है?
गदा का भव्य उद्घाटन 15 दिसंबर 2026 (संभावित) को सालासर धाम में होगा।